आईपीएस लॉबी से डरते हैं मंत्री

दिलीप चेरियन

आर.आर. पाटिल: दिखावे की शक्ति

आर.आर. पाटिल: दिखावे की शक्ति

ये बाबू लोगों की लॉबी की ताकत ही है कि कई बार मंत्री भी उनके खिलाफ कदम उठाने से डरते हैं क्योंकि उन्हें लगता है कि इससे नौकरशाही कुपित हो जायेगी.

महाराष्ट्र में सूत्रों के अनुसार एक सशक्त लॉबी है जो सीनियर आईपीएस अधिकारियों को बचाने का प्रयास कर रही है जिन्हें अपने कोटे के फ्लैट को किराये पर देने के कारण कार्रवाई का डर है. जबकि वे खुद सरकारी मकान में रह रहे थे.निश्चित तौर पर ये फाइलें गृहमंत्री आर.आर पाटिल के टेबल पर पड़ी हैं जिन पर वह दस्तखत करने से कतरा रहा हैं. फ्लैट्स को विभिन्न अधिकारियों ने विभिन्न स्कीमों के तहत मुम्बी, पुणे और नासिक में खरीदा है.

ऐसे में महाराष्ट्र पुलिस चीफ स्वरूप पनायक ने इन अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की सिफारिश की है लेकिन पावरफुल आईपीएस लॉबी के दबाव में सरकार ने अपने कदम पीछे खीच लिया है.

पंजाब के बाबू

पंजाब सरकार के इतिहास में दो वरिष्ठ अधिकारियों को उनकी कड़ी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा. संघ लोकसेवा आयोग ने 1989 बैच के आईएस अधिकार कृपाशंकर सरोज और 1986 बैच के आईएएस अधिकारी बी सरकार के खिलाफ कार्रवाई करने को कहा है.

सरोज ने 2004 में पंजाब एग्रो फाइनानसियल कार्पोरशन के एमडी रहते हुए गलत कदम उठाये थे. उन्होंने 17 करोड़ रुपये की रकम बिना किसी वैरिफिकेशन के रिलीज करवा दिये थे.

शंकर ने अपना दंभ दिखाते हुए एक निचली अदालत के फैसले को पलट दिया था. दोनों अधिकारियों को अब वेतन में कटौती और भविष्य में लगने वाले इंक्रीमेंट रुक जायेगा जिसके कारण उनका प्रोफेशनल ग्रोथ रुक जायेगा.

अदर्स वॉयस कॉलम के तहत हम अन्य मीडिया की खबरें छापते हैं. यह खबर साभा पंजाब केसरी

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*