SC : CAA विरोधी आंदोलनकारियों की जब्त संपत्ति लौटानी होगी

SC : CAA विरोधी आंदोलनकारियों की जब्त संपत्ति लौटानी होगी

कानून के बदले बुलडोजर से सरकार चलानेवाले को झटका लगा है। सुप्रीम कोर्ट (SC) का आदेश- CAA विरोधी आंदोलनकारियों की जब्त संपत्ति लौटानी होगी।

आज सुप्रीम कोर्ट ने एक अहम फैसला दिया, जिससे यूपी की योगी सरकार को बड़ा झटका लगा। योगी सरकार ने सीएए विरोधी आंदोलनकारियों पर कैसे-कैसे जुल्म ढाए, वह लोग जानते हैं। आंदोलनकारियों के फोटो होर्डिंग में चिपकार कर प्रचारित किया गया, जैसे आंदोलन करना कोई भयानक अपराध हो। उन्हें देशविरोधी तक करार दिया गया। अब सुप्रीम कोर्ट ने आज आदेश दिया कि यूपी सरकार सीएए विरोधी आंदोलनकारियों की जब्त संपत्ति, रुपए-पैसे सब लौटाए।

इस फैसले से भाजपा समर्थक परेशान हैं। वे सुप्रीम कोर्ट के इस निर्देश के विरोध में लिख रहे हैं। उधर सीएए विरोधी आंदोलनकारियों और लोकतांत्रित समूहों ने इस निर्देश का स्वागत किया है। हालांकि, योगी सरकार के कारण जो अपमान आंदोलनकारियों को झेलना पड़ा, तनाव में जीना पड़ा, उसकी भरपाई मुश्किल है, फिर भी सभी ने इस निर्देश का स्वागत किया है।

जब यूपी की योगी सरकार संविधान और कानून के बजाय बुलडोजर से सरकार चला रही थी और सीएए विरोधी आंदोलनकारियों की संपत्ति जब्त करने का नोटिस जारी कर रही थी, तब भी देशभर में लोगों ने विरोध जताया ता। कानूनविदों ने इसे संविधान और कानून के खिलाफ बताया था, लेकिन तब योगी सरकार ने किसी की नहीं सुनी थी। आज उसे उजीहत का सामना करना पड़ा है। उम्मीद है, बुलडोजर से सरकार चलाने की सोचनेवाली दूसरी सरकारों को इससे सबक मिलेगा।

मालूम हो कि सीएए विरोधी आंदोलन में शाहीनबाग की महिलाओं ने लंबे समय तक सड़क पर धरना दिया था। गांधी, नेहरू, भगत सिंह, आंबेडकर और सभी धर्मों में एकता का संदेश भी दिया था, जिसे भाजपा नेताओं और दिल्ली पुलिस ने कई बार हटाने की कोशिश की थी। बाद में यह आंदोलन पूरे देश में फैल गया था। बिहार में भी हर जिले में बड़ी-बड़ी रैलियां हुई थीं।

लोस अध्यक्ष पटना पहुंचे, सत्तापक्ष ने रोया रोना, तेजस्वी हमलावर

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*