भाजपा विधायकों में टूट से बचाने अब उतरे अमित शाह

भाजपा विधायकों में टूट से बचाने अब उतरे अमित शाह

भाजपा विधायकों में टूट से बचाने अब उतरे अमित शाह। बिहार भाजपा के विधायक बोधगया पहुंचे। जदयू ने भी अपने सभी विधायकों की बैठक बुलाई। 12 को फ्लोर टेस्ट।

बिहार विधानसभा में वर्तमान भाजपा-जदयू सरकार की अग्निपरीक्षा 12 फरवरी को होगी। लगातार कई दिनों से भाजपा के नेतृत्ववाले एनडीए गठबंधन के विधायकों के टूटने की खबरों में आज एक नई बात जुड़ गई। खबर है कि बोधगया में जुटे सभी भाजपा विधायकों को गृह मंत्री अमित शाह संबोधित करेंगे। वे ऑनलाइन संबोधित करेंगे।

ऐसा पहली बार हो रहा है, जब भाजपा और जदयू के विधायकों के टूटने की संभावना दिख रही है। भाजपा के सभी विधायकों को 9 फरवरी की शाम तक बोधगया पहुंचने का निर्देश दिया गया था, उसी के अनुरूप आज शाम अधिकतर विधायक बोधगया पहुंच गए हैं। कुछ देर रात पहुंचेंगे। भाजपा ने शनिवार और रविवार को प्रशिक्षण शिविर रखा है। विधानसभा सत्र से पहले प्रशिक्षण शिविर का अर्थ यही माना जा रहा है कि भाजपा विधायकों के टूटने की आशंका को देखते हुए भाजपा में डर है और इसीलिए उन्हें एकजुट रखने के लिए शिविर के नाम पर बोधगया पहुंचने का निर्देश दिया गया है।

एनडीए विधायकों के टूटने की खबरों को उस समय बल मिला जब मंत्री श्रवण कुमार ने स्वीकार किया कि विधायकों से कुछ ठेकेदार संपर्क कर रहे हैं। जदयू के सारे विधायकों को 11 फरवरी को पटना में मंत्री विजय चौधरी के आवास पर जमा होने का निर्देश दिया गया है। स्पष्ट है विधानसभा में फ्लोर टेस्ट से पहले भाजपा और जदयू को अपने विधायकों के टूटने का डर हो गया है।

दरअसल वर्तमान नीतीश सरकार के पास बहुमत से सिर्फ छह विधायक ज्यादा हैं। उसके साथ 128 विधायक हैं। अगर सात विधायक टूट गए, तो नीतीश सरकार गिर जाएगी। इसीलिए भाजपा और जदयू को डर है कि कहीं सात विधायक इधर से उधर हो गए, तो सरकार नहीं बच पाएगी।

हालांकि राजद के प्रवक्ताओं ने कहा है कि उनकी पार्टी विधायकों की खरीद-बिक्री में भरोसा नहीं रखती। हालांकि इस बयान के बाद भी माना जा रहा है कि राजद की कोशिश होगी कि सात-आठ विधायक एनडीए से अलग हो जाएं। बिहार विधानसभा का चुनाव नवंबर, 2025 में होना है। इस प्रकार अब भी चुनाव में डेढ़ साल से ज्यादा का वक्त है। अगर एनडीए की सरकार गिर गई, और तेजस्वी यादव के नेतृत्व में इंडिया गठबंधन की सरकार बन गई, तो 2025 में एनडीए के लिए रास्ता बंद हो सकता है।

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