कांग्रेस के पक्ष में उतरे नीतीश, बोले उसे भी कम वोट नहीं मिला

कांग्रेस के पक्ष में उतरे नीतीश, बोले उसे भी कम वोट नहीं मिला

कांग्रेस के पक्ष में उतरे नीतीश, बोले उसे भी कम वोट नहीं मिला। मुख्यमंत्री कई दिनों के बाद सरकारी कार्यक्रमों में शामिल हुए। 2024 लोकसभा चुनाव पर फिर कहा…।

कांग्रेस की तीन प्रदेशों में हार के बाद मीडिया में ऐसी खबरों को हवा दी जा रही थी कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार कांग्रेस से नाराज हैं और वे इंडिया गठबंधन से अलग हो सकते हैं या किसी तीसरे मोर्चे में शामिल हो सकते हैं। जदयू के कुछ नेताओं के बयान से ऐसे सवालों को बल मिल रहा था। अब बुधवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मीडिया से बात करते हुए इंडिया गठबंधन से अलग होने या एनडीए का हिस्सा बनने जैसी खबरों पर दो टूक जवाब दे दिया। उन्होंने कहा कि वे कहीं नहीं जा रहे। विपक्ष मिल कर चुनाव लड़ेगा, तो 2024 लोकसभा चुनाव में भाजपा को हराया जा सकता है।

मीडिया में कई दिनों से यही बताया जा रहा है कि छत्तीसगढ़ और राजस्थान में सत्ता गंवाने तथा मप्र में जीत पाने में सफल नहीं होने का अर्थ है कि कांग्रेस तथा विपक्ष का कोई भविष्य नहीं है तथा अब 2024 लोकसभा चुनाव में भाजपा की जीत तय हो गई है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इस नैरेटिव का आज खंडन कर दिया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को भी कम वोट थोड़े न मिला है। वास्तविकता यह है कि चार राज्यों में कांग्रेस को भाजपा से 10 लाख ज्यादा वोट मिले हैं। नीतीश कुमार के इस बयान के साथ उनके एनडीए में जाने की अटकलों पर विराम लग गया है।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इस बात से भी पर्दा हटा दिया कि वे इंडिया गठबंधन से नाराज हैं और इसीलिए 6 दिसंबर को दिल्ली में होनेवाली बैठक में शामिल नहीं हुए। उन्होंने कहा कि उनकी तबीयत खराब थी। बुखार था और इसीलिए वे दिल्ली बैठक में नहीं गए। उन्होंने यह भी कहा कि आगे जब भी इंडिया गठबंधन की बैठक होगी, वे उसमें शामिल होंगे। मुख्यमंत्री आज कई सरकारी कार्यक्रमों में शामिल हुए। उनके साथ उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव भी शामिल हुए। संविधान निर्माता बाबा साहेब डॉ. भीम राव अम्बेडकर के महापरिनिर्वाण दिवस पर आयोजित राजकीय समारोह में उनकी आदमकद प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर नमन किया।

अब अतिपिछड़ों का शक्ति प्रदर्शन, पहली बार कर्पूरी जयंती मैदान में होगी