बिहार : पेंच में फंस गया स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव

बिहार : पेंच में फंस गया स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव

बिहार : पेंच में फंस गया स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव। सत्ता पक्ष के अविश्वास प्रस्ताव के बाद स्पीकर ने कहा वे इस्तीफा नहीं देंगे।

बिहार विधानसभा का बजट सत्र 12 फरवरी से शुरू होने वाला है। उससे पहले सत्ता पक्ष का दांव फंस गया है। सत्ता पक्ष ने स्पीकर अवध बिहारी चौधरी के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाया है। पहले सत्ता पक्ष को उम्मीद थी कि राज्य में सरकार बदलने के बाद स्पीकर खुद ही इस्तीफा दे देंगे, लेकिन स्पीकर ने इस्तीफा नहीं दिया। बाद में उसने स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पेश किया है। इधर स्पीकर अवध बिहारी चौधरी ने दो टूक शब्दों में कह दिया कि वे इस्तीफा नहीं देंगे और नियमावली के अनुसार कार्य करेंगे।

दरअसल नियम यह है कि अविश्वास प्रस्ताव के बाद भी 14 दिनों तक स्पीकर अपने पद पर बने रहेंगे। इस प्रकार अगर स्पीकर को हटाना है, तो 14 दिन पहले अविश्वास प्रस्ताव देना होगा। इधर स्पीकर अवध बिहारी चौधरी ने बुधवार को कहा कि उनके खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव की जनाकरी उन्हें आज ही मिली है। नियमों के अनुसार वे 21 फरवरी तक स्पीकर पद पर बने रह सकते हैं। अगर इतने दिनों तक वे पद पर रहे, तो सत्ता पक्ष के लिए खतरा हो सकता है।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 28 जनवरी को भाजपा के साथ सरकार बनाई। अब उन्हें विधानसभा में नए सिरे से बहुमत पेश करना है। उन्हें विश्वास मत हासिल करना है। इधर जदयू के कम से कम एक विधायक खुल कर नीतीश कुमार के भाजपा के साथ जाने का विरोध कर चुके हैं। जदयू-भाजपा सरकार को मामूली बढ़त है। उसके 128 विधायक हैं। अगर सात विधायक भी बदल गए, तो नीतीश सरकार गिर जाएगी। इधर लालू प्रसाद और तेजस्वी यादव विधानसभा के इस पेंच पर लगातार चुप हैं। राजद प्रवक्ता शक्ति सिंह यादव ने दो दिन पहले कहा कि उनकी पार्टी विधायकों को तोड़ने में विश्वास नहीं करती। हालांकि इसके बावजूद राजनीतिक गलियारे में शंका के बादल मंडरा रहे हैं।

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