नालंदा DM ने मुहर्रम से पहले की बैठक, शांतिपूर्ण आयोजन की तैयारी

नालंदा DM ने मुहर्रम से पहले की बैठक, शांतिपूर्ण आयोजन की तैयारी

नालंदा DM ने मुहर्रम से पहले की बैठक, शांतिपूर्ण आयोजन की तैयारी। जिलाधिकारी ने ताजिया अखाड़ा के प्रमुख लोगों से की विस्तृत चर्चा।

नालंदा के जिलाधिकारी शशांक शुभंकर ने मंगलवार को मुहर्रम से पहले बैठक बुलाई। बैठक में जिले के सभी मुहर्रम अखाड़ा कमेटियों के प्रमुख लोग शामिल थे। उन्होंने मुहर्रम अखाड़ा कमेटी के लोगों के साथ शांतिपूर्ण आयोजन के लिए एक-एक पहलू पर चर्चा की। मुहर्रम में ताजिया नाकलने के लिए कुछ शर्तें तय की गईं। इव शर्तों पर सभी ताजिया अखाड़ा कमेटियों ने अपनी सहमति दी।

नालंदा जिलाधिकारी ने मुहर्रम के शांतिपूर्ण आयोजन के लिए कमर कस ली है। इसी साल रामनवमी जुलूस के दौरान भारी हंगामा , तोड़फोड़, लूट और आगजनी की घटनाएं हुई थीं, जिससे देशभर में नालंदा सुर्खियों में आ गया था। प्रशासन की तैयारी पर भी सवाल उठे थे। इसीलिए इस बार जिला प्रशासन विशेष सजगता बरत रहा है।

नालंदा जिला प्रशासन ने थोड़ी देर पहले ट्वीट करके कहा किआगामी मुहर्रम के अवसर पर ताजिया अखाड़ा के आयोजन हेतु अनुज्ञप्ति को लेकर जिलाधिकारी ने आयोजकों एवं नगर निगम के वार्ड पार्षदों के साथ की बैठक निर्धारित शर्तों के अनुपालन के साथ ताजिया अखाड़ा निकालने को लेकर आयोजकों की आम सहमति।

मालूम हो कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पिछले एक महीने में कई बार जिले का खासकर राजगीर का दौरा कर चुके हैं। राजगीर में अगले हफ्ते से मलमास मेला शुरू हो रहा है। मेला एक महीने तक चलेगा, जिसमें लाखों की संख्या में श्रद्धालु आते हैं। इसी बीच मुहर्रम भी है। मुहर्रम जुलाई के अंतिम सप्ताह में है। मलमास मेला और उसी बीच मुहर्रम होने से जिसा प्रशासन की जिम्मेदारी और चुनौती काफी बड़ी है।

नालंदा जिलाधिकारी लगातार राजगीर में मलमास मेले की तैयारी पर भी नजर रखे हैं और इसी बीच उन्होंने मंगलवार को मुहर्रम में ताजिया अखाड़ा कमेटियों के साथ बैठक की। बैठक में उन्होंने जिले के हर वर्ग का समर्थन मांगा, ताकि मलमास मेला और मुहर्रम दोनों शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो। किसी को कोई परेशानी नहीं हो।

12 को मौन सत्याग्रह, कांग्रेस ने क्यों की देशवासियों से अपील